मैसूर में पीठासीन अधिकारियों की बैठक में शामिल हुए हिमाचल विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया
संसद और विधानसभाओं के नियमों में समानता राष्ट्रहित में अहम कदम : पठानिया
एएम नाथ। शिमला : हिमाचल प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कर्नाटक के मैसूर स्थित साइलेंट शोर्ज रिजॉर्ट में आयोजित राज्यों के पीठासीन अधिकारियों की समिति की बैठक में भाग लिया। यह बैठक कर्नाटक विधानसभा की ओर से आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न राज्यों के विधानसभा अध्यक्षों और पीठासीन अधिकारियों ने हिस्सा लेकर संसदीय कार्यप्रणाली से जुड़े अहम विषयों पर विचार-विमर्श किया।
बैठक के दौरान विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि संसद और विभिन्न राज्य विधान मंडलों के कार्य-संचालन एवं प्रक्रिया नियमों में राष्ट्रीय स्तर पर एकरूपता लाने के लिए लोकसभा द्वारा किए जा रहे प्रयास सराहनीय हैं। उन्होंने कहा कि देशभर की विधानसभाओं में समान प्रक्रियाएं लागू होने से कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी, पारदर्शी और व्यवस्थित बनेगी।
उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक संस्थाओं की मजबूती के लिए संसदीय परंपराओं और नियमों का एक समान होना समय की आवश्यकता है। इससे न केवल सदनों के संचालन में सुविधा होगी, बल्कि जनहित से जुड़े विषयों पर गंभीर और सुचारु चर्चा भी सुनिश्चित हो सकेगी।
उन्होंने इस पहल को राष्ट्रहित में महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि इससे संसद और राज्य विधानसभाओं के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा।

बैठक में संसदीय परंपराओं को मजबूत करने, सदनों की कार्यवाही को अधिक प्रभावी बनाने, नई तकनीकों के उपयोग तथा सदस्यों की भागीदारी बढ़ाने जैसे विभिन्न मुद्दों पर भी चर्चा हुई। विभिन्न राज्यों से पहुंचे प्रतिनिधियों ने अपने-अपने अनुभव साझा किए और संसदीय प्रक्रियाओं को आधुनिक तथा जनोन्मुख बनाने पर बल दिया।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि लोकतंत्र की सफलता मजबूत संसदीय संस्थाओं पर निर्भर करती है। ऐसे आयोजनों से राज्यों के बीच अनुभवों का आदान-प्रदान होता है, जिससे बेहतर संसदीय परंपराओं को अपनाने का अवसर मिलता है। उन्होंने आयोजन के लिए कर्नाटक विधानसभा का आभार भी व्यक्त किया।
