नई दिल्ली : समाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने नीट पेपर लीक मुद्दे पर 25 दिनों से ज्यादा चले अनशन को समाप्त कर दिया। बीती रात मेदांता अस्पताल में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह की मौजूदगी में उन्होंने जूस पीकर भूख हड़ताल तोड़ी।
वांगचुक के अनशन समाप्त का कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) संस्थापक अभिजीत दीपके ने भी स्वागत किया है। दूसरी ओर दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी वांगचुक के इस कदम का स्वागत किया, साथ ही सीजेपी के लिए एक अपील भी कर दी।
केजरीवाल ने क्या कहा…. सोशल मीडिया पर अरविंद केजरीवाल ने सोनम वांगचुक के अनशन समाप्ति का स्वागत किया है। कहा, “मैं सोनम वांगचुक जी के अनशन समाप्त करने के फैसले का स्वागत करता हूं। उनका जीवन और स्वास्थ्य देश के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। चूंकि सीजेपी ने आज देशव्यापी विरोध-प्रदर्शन का आह्वान किया है, इसलिए मैं सभी से इसमें भाग लेने की अपील करता हूं।”
ऐसे चलाएंगे फास्ट ट्रैक कोर्ट?…. सोशल मीडिया पर जारी किए वीडियो में केजरीवाल पीएम मोदी के पेपर लीक मुद्दे पर ऐक्शन के ऐलान पर भी हमला करने से नहीं चूके। उन्होंने कहा, “कल रात को 12 बजे प्रधानमंत्री जी ने ऐलान किया कि पेपर लीक के लिए संसद में फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने के लिए क़ानून लाया जाएगा। मोदी जी का दिया आश्वासन कितना खोखला है, ये कल ख़ुद ही साबित हो गया।
केजरीवाल आगे कहते हैं कि 2024 में भी नीट का पेपर लीक हुआ था। उस समय संजीव मुखिया नाम के आदमी को सीबीआई ने मास्टरमाइंड बताकर अरेस्ट किया। लेकिन पीएम मोदी के फास्ट ट्रैक कोर्ट के ऐलान के कुछ ही घंटों बाद ही खबर आई कि सीबीआई ने कोर्ट में उस मास्टरमाइंडड को निर्दोष बताते हुए रिहा करने की अपील की है। सीबीआई ने 2024 नीट पेपर लीक में मास्टरमाइंड का खुलासा नहीं किया… इसका क्या मतलब है? क्या 2024 में नीट पेपर लीक ही नहीं था? अगर ऐसी ही जांच करनी है, अगर आपको सबूत ही नहीं पेश करने, तो फास्ट ट्रैक कोर्ट का नाटक क्यों? मोदी जी, आपकी नीयत में ही खोट है।”
किन शर्तों पर वांगचुक ने अनशन तोड़ा : सोनम वांगचुक ने अस्पताल से एक वीडियो शेयर करते हुए जानकारी दी कि सरकार के आश्वासन के बाद उन्होंने अनशन समाप्त कर दिया है। वे वीडियो संदेश में कहते हैं, “मैंने अपना अनशन समाप्त कर दिया है। धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे का आश्वासन नहीं मिला है। अगर मैं अनशन पर डटा रहता तो मैं या तो कुछ और हफ्ते अनशन पर रहता और ऐसे ही मन जाता। मेरा दिमाग कुछ और तरह से चलता है। सरकार ने सदन में नीट पेपर पर चर्चा के लिए सहमति जताई है। सरकार उन्हें यह आश्वासन भी दिया है कि प्रदर्शनकारी छात्रों के खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की जायेगी।
सीजेपी का प्रदर्शन जारी रहेगा
दूसरी ओर अभिजीत दीपके ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में वांगचुक को उनके ‘असाधारण साहस और त्याग’ के लिए धन्यवाद दियाी दीपके ने कहा, ”हमें राहत मिली है और हम आभारी हैं कि सोनम सर ने 26 दिनों के बाद अपना अनशन समाप्त कर दी है। सर, आपके असाधारण साहस और त्याग के लिए आपका धन्यवाद। अपनी जान जोखिम में डालकर आपने पूरे देश की अंतरात्मा को जगाया है। इस देश के लिए आपकी जान बहुत कीमती है।” उन्होंने कहा, ”जब तक धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं देते, तब तक जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी का शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन जारी रहेगा।’
