आपदा प्रबंधन पर टेबल टॉप अभ्यास आयोजित : तीव्र भूकंप, बादल फटना, उससे उत्पन्न फ्लैश फ्लड तथा वनाग्नि जैसी आपदाओं के विस्तृत परिदृश्य प्रस्तुत

by
एएम नाथ। शिमला : राज्य में आपदा प्रबंधन के लिए विभिन्न विभागों की तैयारियों के आकलन और उनके बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मुख्य सचिव के.के. पंत की अध्यक्षता में आज एक वर्चुअल टेबल टॉप अभ्यास आयोजित किया गया।
इस अभ्यास का आयोजन हिमाचल प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के सहयोग से किया।
अभ्यास के दौरान हिमाचल प्रदेश में संभावित प्राकृतिक आपदाओं से जुड़ी वास्तविक परिस्थितियों का अनुकरण किया गया। इसमें तीव्र भूकंप, बादल फटना, उससे उत्पन्न फ्लैश फ्लड तथा वनाग्नि जैसी आपदाओं के विस्तृत परिदृश्य प्रस्तुत किए गए। इस अभ्यास से अधिकारियों को मौजूदा मानक संचालन प्रक्रियाओं की समीक्षा करने, कमियों की पहचान करने तथा आपातकालीन स्थिति में संचार एवं समन्वय व्यवस्था की प्रभावशीलता को परखने का अवसर प्राप्त हुआ।
मुख्य सचिव ने कहा कि भौगोलिक और जलवायु परिस्थितियों के कारण हिमाचल प्रदेश अनेक प्राकृतिक आपदाओं के प्रति अत्यंत संवेदनशील है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के अभ्यास संस्थागत तैयारियों को मजबूत बनाने, आपदा प्रतिक्रिया क्षमता बढ़ाने तथा आपात स्थिति में सभी संबंधित पक्षों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने के लिए बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने बताया कि 15 जून, 2026 को एनडीएमए, सेना और आईटीबीपी के अधिकारियों के मार्गदर्शन एवं पर्यवेक्षण में एक मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी। इस अभ्यास में एनडीएमए, सेना तथा अर्द्धसैनिक बलों के जवान भी शामिल होंगे, जो आपदा तैयारी में मौजूद कमियों की पहचान करने और उनके समाधान के लिए सुझाव देंगे।
एनडीएमए के वरिष्ठ सलाहकार मेजर जनरल (सेवानिवृत्त) सुधीर बहल ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से इस टेबल टॉप अभ्यास का संचालन किया। इसमें एनडीआरएफ, सेना, आईटीबीपी, राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों के अतिरिक्त सभी उपायुक्त और जिला स्तर के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।
राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के विशेष सचिव डॉ. पुष्पेंद्र राणा ने बताया कि भूकंप, बादल फटना और वनाग्नि जैसी आपदाओं से संबंधित काल्पनिक परिस्थितियां तैयार की जाएंगी, जिनमें राज्य के सभी जिलों और संबंधित विभागों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
इस अभ्यास में एनडीएमए, एसडीएमए, भारत मौसम विज्ञान विभाग, वन विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
हिमाचल प्रदेश

ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सृदृढ़ करने के लिए सरकार कृतसंकल्प : बाली

  कृषि व बागवानी के विकास पर खर्च होंगे 2 हजार करोड़ रुपये एएम नाथ। धर्मशाला :  पर्यटन निगम के अध्यक्ष कैबिनेट रैंक आरएस बाली ने कहा कि प्रदेश सरकार कृषि व बागवानी क्षेत्र...
हिमाचल प्रदेश

किसी भी प्रकार की जनसभाएं मतदान की समाप्ति से 48 घण्टें पहले वर्जित होंगी

बिलासपुर  – जिला में पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव 17, 19 व 21 जनवरी को आयोजित किए जाएंगे। प्रधान, उप-प्रधान और वार्ड सदस्य के लिए मतगणना मतदान के दिन, मतदान समाप्ति के तुरंत बाद...
article-image
हिमाचल प्रदेश

चम्बा जिले में तीन चरणों में होंगे पंचायती राज चुनाव : 319 ग्राम पंचायतों के 1793 वार्डों में संपन्न होगा मतदान

निर्वाचन प्रक्रिया के लिए 399858 मतदाता पंजीकृत सफल एवं निष्पक्ष आयोजन को लेकर व्यापक व्यवस्थाएं सुनिश्चित : उपायुक्त मुकेश रेपसवाल एएम नाथ। चंबा :  उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) मुकेश रेपसवाल ने बताया...
article-image
हिमाचल प्रदेश

खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने व सही समय पर उपलब्ध करवाने के निर्देश

राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून के अंतर्गत क्रियांवित योजनाओं बारे समीक्षा बैठक आयोजित अध्यक्ष राज्य खाद्य आयोग डॉ. एस पी कत्याल ने की बैठक की अध्यक्षता एएम नाथ। चम्बा :  जिला मुख्यालय चंबा में राष्ट्रीय...
Translate »
error: Content is protected !!