गौशाला विवाद : गौवंश मौत पर मामला दर्ज… स्वास्थ्य अधिकारी निलंबित, जांच के आदेश

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चंडीगढ़ : चंडीगढ़ में एक गौशाला के पास पशु शव निस्तारण केंद्र में गायों के कथित तौर पर कई क्षत-विक्षत शव पाए जाने के बाद प्रशासन ने मजिस्ट्रेट जांच का आदेश दिया है। चंडीगढ़ के उपायुक्त निशांत कुमार यादव, मेयर हरप्रीत कौर बाबला सहित अन्य ने स्थिति का जायजा लेने के लिए बुधवार को रायपुर कलां के माखन माजरा इलाके में घटनास्थल का दौरा किया।

चंडीगढ़ के कुछ कांग्रेस नेताओं और कुछ स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि कुछ शवों से आंखें और खुर गायब थे। हालांकि, अधिकारियों ने शवों की सटीक संख्या नहीं बताई, लेकिन घटनास्थल पर पहुंचे कुछ स्थानीय लोगों ने दावा किया कि वहां लगभग 50 गायों के शव पड़े थे। पंजाब के राज्यपाल और चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने इस मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।

गौशाला के बाहर लगा शवों का अंबार :  कांग्रेस की चंडीगढ़ इकाई के अध्यक्ष SH लकी ने कहा कि शव क्षत-विक्षत अवस्था में पाए गए। हम इस मामले की विस्तृत जांच चाहते हैं। यह एक गंभीर लापरवाही है। अगर नगर निगम इस कड़ाके की ठंड में गायों की उपयुक्त देखभाल नहीं कर सकता तो वह अपने कर्तव्य में विफल हो रहा है। विपक्षी दलों के नेताओं ने आरोप लगाया कि गौशाला के पास स्थित पशु शव निस्तारण केंद्र भी पिछले कुछ दिनों से बंद पड़ा है, जिसके कारण शवों का अंबार लग गया है।

इस बीच, यहां जारी एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि गायों की मौत से जुड़ी घटना का गंभीर संज्ञान लेते हुए, चंडीगढ़ नगर निगम (MCC) के आयुक्त और चंडीगढ़ के उपायुक्त ने बुधवार को घटनास्थल का दौरा किया ताकि स्थिति का आकलन किया जा सके और तत्काल निवारक उपाय सुनिश्चित किए जा सकें। बयान के अनुसार, गायों की मौत के सटीक कारण का पता लगाने के लिए शवों का पोस्टमार्टम किया जा रहा है।

इसके अलावा, मामले की मजिस्ट्रेट जांच का आदेश दिया गया है और यह जांच अतिरिक्त उपायुक्त (ADM) द्वारा की जाएगी। इस सबंध में एक प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। इसमें कहा गया है कि दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। चंडीगढ़ नगर निगम ने स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. इंदरदीप कौर को निलंबित कर दिया है और गौशाला में तैनात संविदा कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त कर दी हैं।

इसके अलावा, नगर निगम को गौशालाओं के बेहतर प्रबंधन को सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है, जिसमें स्वच्छता और साफ-सफाई बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया है। पशुपालन विभाग के चिकित्सकों की एक टीम नियमित रूप से गौशालाओं का दौरा करेगी ताकि पशुओं की समय पर चिकित्सकीय जांच और स्वास्थ्य की निगरानी की जा सके, जिससे पशुओं का समय पर उपचार और समग्र स्वास्थ्य सुनिश्चित हो सके। बयान में कहा गया है कि गौशालाओं में CCTV लगाए जाएंगे ताकि चौबीसों घंटे निगरानी सुनिश्चित की जा सके, पारदर्शिता बढ़ाई जा सके और गौशालाओं के भीतर पशुओं की देखभाल, सुरक्षा और समग्र प्रबंधन की निगरानी को मजबूत किया जा सके। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मनीष तिवारी ने कहा कि चंडीगढ़ में जो हुआ, वह बेहद भयावह और शर्मनाक है।

इस त्रासदी के लिए जिम्मेदार अधिकारियों को बर्खास्त किया जाना चाहिए। जांच को जिम्मेदारी और जवाबदेही से बचने का जरिया नहीं बनाया जाना चाहिए। पूर्व केंद्रीय मंत्री ने X पर एक पोस्ट में कहा कि उन्हें उम्मीद है कि पंजाब के राज्यपाल और चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब कटारिया यह सुनिश्चित करेंगे कि धरती के उन जीवों (गायों) को न्याय मिले जिन्हें गरिमापूर्ण तरीके से अंत्येष्टि का सम्मान नहीं मिला, जिसके वे हकदार थे

 

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