बिजली सब्सिडी वापस ली और अब सरकार की नज़र महिलाओं के बस किराए पर : मीडिया को धमकाकर अपनी नाकामी छिपाना चाहती है सुक्खू सरकार : जयराम ठाकुर

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एएम नाथ। शिमला :  नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने शिमला से जारी प्रेस वक्तव्य में कहा कि सरकार अब अपनी नाकामी छिपाने के लिए तानाशाही पर उतर आई है। खबरें छापने पर मीडिया से जुड़े लोगों को मुक़दमे में फ़साने की कोशिश की जा रही है। सरकार द्वारा जिस तरह के जनविरोधी काम किए जा रहे हैं, अब सरकार चाहती है कि मीडिया उसे दिखाए भी नहीं। सुक्खू सरकार एक तरह से अघोषित आपातकाल लागू करने की कोशिश कर रही है। सरकार को बने डेढ़ साल से ज़्यादा का समय हो गया है और अब विपक्ष के साथ साथ सिविल सोसाइटी और मीडिया सरकार से जवाब मांगेगी। लोग सरकार के ख़िलाफ़ और मुखरता के साथ सड़क पर आएंगे और सच्चाई बयान करेंगे।  जिसे स्वाभाविक रूप से मीडिया दिखाएगी ही। सरकार अपनी नाकामी को बाहर आने से रोकने के लिए इस तरह का आपातकाल लाना चाहती है। कांग्रेस अपने ख़िलाफ़ खबर दिखाने वाले लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को डराना चाहती है। कांग्रेस यह भूल रही है कि वह डरा कर शासन नहीं कर सकती है।
                                             जयराम ठाकुर ने कहा कि इधर-उधर की बात करने के बजाय सरकार अपनी गारंटियों की बात क्यों नहीं कर रही है। पाँच लाख रोज़गार देने की बात कही थी। सरकार का एक तिहाई कार्यकाल लगभग ख़त्म हो गया है, कितने लोगों को रोज़गार दिया? लंबित पड़े रिजल्ट को क्यों नहीं जारी किया? बागवान अपने सेब के दाम क्यों नहीं तय कर पा रहे हैं? युवाओं को नौकरी से क्यों निकाला जा रहा है। आउटसोर्स कर्मचारियों को समय से वेतन क्यों नहीं मिल रहा है। अब तक गोबर की ख़रीद क्यों नहीं हुई? किसानों का दूध कांग्रेस की गारंटियों के हिसाब से क्यों नहीं ख़रीदा जा रहा है। अभी कांग्रेस के घोषणा पत्र के बारे में तो लोग बात ही नहीं कर रहे हैं जिसे सरकार ने कभी खोल कर दुबारा नहीं देखा। 18 से 60 साल के उम्र की हर महिला को सम्मान निधि क्यों नहीं मिल रही है? ऐसे बहुत से सवाल हैं जिन्हें प्रदेश के लोग हर चौराहे पर सरकार के नुमाइंदों से पूछने वाले हैं। सरकार के लिए इन सवालों के जवाब देना मुश्किल होगा। इसलिए सरकार अब मीडिया को ही टार्गेट कर रही है कि लोगों की आवाज़ उठने ही नहीं पाए।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि कांग्रेस ने तो गारंटी  दी थी कि वह 300 यूनिट की बिजली फ्री देगी, जिसके कारण कांग्रेस सत्ता में आई। बिजली देने की बात छोड़िये जो सब्सिडी मिल रही थी, वह भी छीन ली। आने वाले समय में और भी सुविधाएं छीनने की तैयारी चल रही है। सोशल मीडिया पर ज़ोर-शोर से चल रहा है कि सरकार महिलाओं को एचआरटीसी में मिलने वाले आधे किराए की छूट की सुविधा भी बंद करने वाली है। पीडीएस भी सरकार के निशाने पर है। सुक्खू सरकार जब से सत्ता में आई तब से योजनाओं को बंद करने में लगी हुई है। प्रदेश में पहली बार ऐसी सरकार आई है जो लोगों को सुविधा देने की बजाय पहले से लोगों को मिल रही सुविधाओं को छीनने में लगी हुई है। यह सरकार लोगों का हक़ छीनने और डराने का काम कर रही है। तानाशाही से सरकार नहीं चलती है, सरकार को अपना जनविरोधी रवैया बदलना होगा।
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