राहुल गांधी की हिरासत के विरोध में शिमला में कांग्रेस का प्रदर्शन : लोकभवन के बाहर मुख्यमंत्री सुक्खू समेत कांग्रेस नेताओं ने दिया धरना, , राज्यपाल को सौंपा ज्ञापन

by

SIR को लेकर कांग्रेस का विरोध, सीएम बोले- लोकतंत्र और संविधान की आवाज दबाने का प्रयास

शिमला: दिल्ली पुलिस द्वारा राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और अन्य विपक्षी नेताओं को हिरासत में लिए जाने के विरोध में हिमाचल कांग्रेस ने बुधवार को शिमला में लोकभवन के बाहर प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार, कई कैबिनेट मंत्री, विधायक, पार्टी पदाधिकारी और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता प्रदर्शन में शामिल हुए।

प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ नारेबाजी की। बाद में कांग्रेस नेताओं ने राज्यपाल को ज्ञापन भी सौंपा।

मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि कांग्रेस का आरोप है कि चुनावी प्रक्रिया में अनियमितताओं के जरिए सत्ता हासिल की जा रही है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए राहुल गांधी को सड़कों पर उतरना पड़ रहा है। सुक्खू ने कहा कि बुधवार को शिमला में प्रदर्शन किया गया है और इसके बाद पूरे प्रदेश में प्रदर्शन किए जाएंगे।

‘राहुल, प्रियंका और सांसदों को हिरासत में लेना लोकतंत्र पर हमला’

सीएम सुक्खू ने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य सांसदों को हिरासत में लेना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर विषय है। उन्होंने इसे संविधान, असहमति और जनता की आवाज पर हमला बताया।

उन्होंने कहा कि जनता की आवाज उठाने वालों को हिरासत में लेने से सवाल खत्म नहीं होंगे। सुक्खू ने कहा कि जनता सब देख रही है और जवाबदेही तय होगी।

SIR को लेकर कांग्रेस का विरोध

कांग्रेस के अनुसार, मंगलवार को दिल्ली में कांग्रेस और INDIA गठबंधन के नेताओं ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के विरोध में प्रदर्शन किया था। कांग्रेस का आरोप है कि प्रदर्शन के करीब आठ घंटे बाद दिल्ली पुलिस ने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और अन्य विपक्षी नेताओं को हिरासत में लिया।

विपक्षी दल SIR की प्रक्रिया रोकने और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। इसी के विरोध में हिमाचल कांग्रेस ने शिमला में प्रदर्शन किया।

‘पात्र मतदाता का नाम सूची से नहीं हटना चाहिए’

कांग्रेस का कहना है कि SIR के दौरान वास्तविक और पात्र मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटने का खतरा है। पार्टी ने मांग की है कि मतदाता सूची में संशोधन की प्रक्रिया पारदर्शी हो और किसी भी पात्र नागरिक का नाम सूची से नहीं हटाया जाए।

Share
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

You may also like

article-image
हिमाचल प्रदेश

ऊना पुलिस की त्वरित कार्रवाई : साइबर ठगी के 44 हजार रुपये ऊना पुलिस ने वापस करवाए

1930 पर शिकायत मिलते ही साइबर सेल ने की त्वरित कार्रवाई, बैंक और वित्तीय संस्थानों से समन्वय कर पूरी राशि कराई वापस रोहित जसवाल।  ऊना: साइबर ठगी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए ऊना पुलिस...
article-image
हिमाचल प्रदेश

4 माह से मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री के बीच बातचीत बंद क्यों – जनता जाना चाहती –

एएम नाथ। हमीरपुर :  हिमाचल प्रदेश के सियासी मौसम में उपमुख्यमंत्री द्वारा बीते दिनों सोशल मीडिया पर की गई पोस्ट ने गर्माहट ला दी है। विपक्ष के हाथ इस पोस्ट ने एक और बड़ा...
article-image
हिमाचल प्रदेश

RDG बंद होने से हिमाचल पर बढ़ा वित्तीय दबाव, CM सुक्खू बोले- केंद्र से 1,500 करोड़ की सहायता का इंतजार

एएम नाथ। शिमला : हिमाचल प्रदेश में राजस्व घाटा अनुदान (RDG) बंद होने और केंद्र से घोषित वित्तीय सहायता की राशि नहीं मिलने को लेकर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने केंद्र सरकार और विपक्ष के...
article-image
समाचार , हिमाचल प्रदेश

डीए के मुद्दे पर विपक्ष ने सदन से किया वॉक आउट : मुख्यमंत्री के जवाब से साफ है कि वह कर्मचारियों को डीएनहीं देना चाहते हैं : जयराम ठाकुर

स्वर्गीय वीरभद्र सिंह की सरकार के लंबित डीए बकाया हमारी सरकार ने दिया हमारी सरकार ने पूर्व सरकार द्वारा लंबित वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू किया सुक्खू सरकार ने 2000 करोड़ रुपए से...
Translate »
error: Content is protected !!