कर्मचारी-पेंशनर मांगों को लेकर धरने पर, सरकार पर जयराम ने साधा निशाना
‘अपना परिवार सुखी परिवार योजना’ की तारीख आगे बढ़ाने पर सुक्खू सरकार घिरी
एएम नाथ। शिमला : पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने गांधी जयंती और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान स्थित उनकी प्रतिमाओं पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर उन्होंने स्वच्छता अभियान में भी भाग लिया और सफाई कर्मचारियों के योगदान की सराहना करते हुए प्रदेश सरकार से उनकी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करने का आग्रह किया।
मीडिया से बातचीत में जयराम ठाकुर ने महात्मा गांधी के सत्य, अहिंसा, त्याग और सत्याग्रह के विचारों को प्रेरणादायी बताया। उन्होंने कहा कि लाल बहादुर शास्त्री सादगी, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा के प्रतीक थे तथा उनका ‘जय जवान, जय किसान’ का मंत्र आज भी प्रासंगिक है।
अपने हालिया दिल्ली दौरे के संबंध में उन्होंने कहा कि केंद्रीय मंत्रियों के साथ प्रदेशहित से जुड़े विकास कार्यों, सरकार और संगठन के विषयों पर चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि केंद्र से मिलने वाले सहयोग तथा विभिन्न योजनाओं के संबंध में फीडबैक लिया गया और प्रदेश को अधिक लाभ कैसे मिले, इस पर भी विचार-विमर्श हुआ।
जयराम ठाकुर ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर कर्मचारी और पेंशनर हितों की अनदेखी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कर्मचारी और पेंशनर अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठने को मजबूर हैं, जबकि जेबीटी शिक्षक भी कई दिनों से आंदोलन कर रहे हैं। उनके अनुसार, मुख्यमंत्री और मंत्रियों के पास उनकी बात सुनने तक का समय नहीं है।
उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के उस दावे पर भी निशाना साधा, जिसमें गांधी जयंती पर ‘मुख्यमंत्री अपना परिवार सुखी परिवार योजना’ शुरू करने की बात कही गई थी। जयराम ने आरोप लगाया कि योजना का शुभारंभ नहीं हो सका और इसकी तारीख आगे बढ़ा दी गई। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस नेतृत्व के समय न देने के कारण सरकार के कार्यक्रमों और योजनाओं की तिथियां आगे बढ़ती रही हैं।
